वीएचपी नेता प्रवीण तोगड़िया के आरोपां की जांच उच्चतम न्यायालय के कार्यरत न्यायाधीष से करायी जाये-हिन्दू महासभा

नई दिल्ली, 18 जनवरी 2018

वीएचपी नेता प्रवीण तोगड़िया के आरोपां की जांच उच्चतम न्यायालय के कार्यरत न्यायाधीष से करायी जाये-हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने विष्व हिन्दू परिषद के अंतर्राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष डा. प्रवीण भाई तोगड़िया के आरोपों की जांच उच्चतम न्यायलय के कार्यरत न्यायाधीष से करायी जाये तथा देषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाये। हिन्दू महासभा नेता श्री शर्मा ने कहा है कि डा. तोगड़िया का एनकांउटर करने के षड़यंत्रों व आईबी द्वारा परेषान करने के आरोपों की निष्पक्ष व उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए तथा दोषियों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। हिन्दू महासभा नेता ने कहा कि राममंदिर का निर्माण, गौहत्या पर प्रतिबंध, विस्थापित कष्मीरी पंडितों की वापसी आदि मुद्दों पर बोलने के लिये डा. तोगड़िया को परेषान किया जा रहा है। इसे हिन्दू महासभा बर्दाष्त नहीं करेगी।
वहीं हिन्दू महासभा राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मांग की है कि हज सब्सिडी पर रोक से बचे फंड को हिन्दू महिलाओं व बच्चों की विकास पर खर्च किया जाये। यदि इसे केवल मुस्लिमों के कल्याण के लिये खर्च किया गया तो हिन्दू महासभा विरोध करेगी।

मुन्ना कुमार शर्मा
राष्ट्रीय महासचिव
फोनः9312177979

हज सब्सिडी को समाप्त करने से बचे फंड को हिन्दू महिलाओं व बच्चों की पढ़ाई में खर्च करने की मांग।

प्रतिष्ठा में,
श्री नरेन्द्र मोदी जी,
माननीय प्रधानमंत्री, भारत सरकार।
साउथ ब्लॉक, नई दिल्ली-110011

विषय :-हज सब्सिडी को समाप्त करने से बचे फंड को हिन्दू महिलाओं व बच्चों की पढ़ाई में खर्च करने की मांग।

महोदय,

हज सब्सिडी को पूर्णतः समाप्त करने के लिये हमलोग अखिल भारत हिन्दू महासभा की ओर से आपको धन्यवाद करते हैं। माननीय उच्चतम न्यायालय द्वारा भी इस संबंध में निर्देष दिया गया था। परन्तु केन्द्र सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री श्री मुख्तार अब्बास नकबी के हज सब्सिडी के पैसे को मुस्लिम बच्चियों व महिलाओं के कल्याण में खर्च करने की घोषणा से आष्चर्य हो रहा है। आपको ज्ञात है कि हिन्दुस्तान पंथनिरपेक्ष राष्ट्र है। ऐसे में इस राषि को केवल एक संप्रदाय के कल्याण के लिये खर्च करना उचित नहीं है। इस राषि को हिन्दुस्तान के सभी संप्रदायों के महिलाओं और बच्चों के कल्याण के लिये खर्च किया जाना चाहिए।

इस संबंध में आपसे मांग है कि हज सब्सिडी को समाप्त करने से बचे फंड का हिन्दू महिआलों व बच्चों की पढ़ाई में खर्च किया जाये।

सादर,
भवदीय

(चन्द्रप्रकाष कौषिक) राष्ट्रीय अध्यक्ष
(मुन्ना कुमार शर्मा) राष्ट्रीय महासचिव
(वीरेष त्यागी) राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री

हिन्दू राष्ट्र भारत के शिक्षण संस्थानों में हिन्दू धर्म की प्रार्थना ही होगी, याचिकाकर्ता विनायक शाह के चरित्र की विस्तृत जांच की जाये- हिन्दू महासभा

नई दिल्ली, 11 जनवरी 2018

हिन्दू राष्ट्र भारत के शिक्षण संस्थानों में हिन्दू धर्म की प्रार्थना ही होगी, याचिकाकर्ता विनायक शाह के चरित्र की विस्तृत जांच की जाये- हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने कहा है कि भारत एक हिन्दू राष्ट्र है, क्योंकि यहां 80ः निवासी हिन्दू हैं। साथ-ही-साथ भारत की पहचान गाय, गंगा, गीता व संस्कृत से है। भारत चूंकि हिन्दू देवी-देवताओं व ऋषि-मुनियों का देष है, इसलिये हिन्दुस्तान के शिक्षण-संस्थानों में केवल हिन्दू देवी-देवताओं की प्रार्थना होगी। श्री शर्मा उच्चतम न्यायालय में केन्द्रीय विद्यालयों में होने वाली प्रार्थनाओं को चुनौती देने वाली विनायक शाह की याचिका में दी गई दलीलों पर प्रतिक्रिया व्यक्त कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय विद्यालयों में होने वाली प्रार्थना ‘असतो मा सद्गयम……..‘ तथा ‘दया कर दान विधा का हमें परमात्मा देना‘ में कुछ भी गलत या अव्यावहारिक नहीं है। मां सरस्वती विधा, बुद्धि एवं ज्ञान की अधिष्ठात्री देवी हैं। हमें ज्ञान की प्राप्ति के लिये उनकी प्रार्थना अवष्य करनी चाहिए। हिन्दू महासभा राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने गृह मंत्री राजनाथ सिंह से मांग की है कि याचिकाकर्ता विनायक शाह की गतिविधियों एवं चरित्र की विस्तृत जांच की जाये तथा यह भी पता लगाया जाये कि व किन-किन हिन्दूविरोधी तथा राष्ट्रविरोधी व्यक्तियों या संस्थाओं के संपर्क में यह राष्ट्रविरोधी कार्य कर रहा है।

मुन्ना कुमार शर्मा
राष्ट्रीय महासचिव
फोनः9312177979

योगी आदित्यनाथ के लाउडस्पीकर से संबंधित आदेश से अजान से हो रही समस्याआें से मुक्ति मिलेगी – हिन्दू महासभा

नई दिल्ली, 08 जनवरी 2018

योगी आदित्यनाथ के लाउडस्पीकर से संबंधित आदेश से अजान से हो रही समस्याआें से मुक्ति मिलेगी – हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष चन्द्रप्रकाश कौशिक राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा एवं राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री वीरेष त्यागी ने एक संयुक्त वक्तव्य में उतरप्रदेष के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा उतरप्रदेष के धार्मिक स्थालां में लाउडस्पीकर के प्रयोग से संबंधित आदेष का स्वागत किया हैं तथा कहा है कि योगी जी के इस निर्णय से उतरप्रदेष के लोगां को अजान से होने वाले ध्वनि प्रदूषण के खतरां से निजात मिलेगी । हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने बताया हैं कि पूर्व में अखिल भारत हिन्दू महासभा नें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अजान के समय लाउडस्पीकरों के दुरूपयोग पर रोक लगाने की मांग की थी तथा पत्र भी लिखा था । उन्होंने कहा कि अजान के समय मस्जिदों में अत्यधिक तेज आवाज में लाउडस्पीकरों का प्रयोग होता हैं जो उच्च न्यायालय के आदेषों के विपरीत हैं । परन्तु पुलिस और प्रषासन द्वारा कभी भी न्यायालय के आदेषों को लागू करने का प्रयास नहीं किया जाता हैं। अजान के समय स्वीकृत मात्रा से बहुत अधिक तेज आवाज में लाउडस्पीकरों कें प्रयोग से बहुत अधिक बीमार व्यक्तियों,छात्रों,बुजुर्गां को घोर समस्याओं का सामना करना पड़ता है। हिन्दू महासभा नेताओं ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मांग की है कि इन आदेषों का पालन कड़ाई से हो तथा किसी भी मस्जिद में बिना अनुमति के लाउडस्पीकरों का प्रयोग पूर्णतरू बंद किया जाये ।

वीरेष त्यागी
राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री

मुस्लिम महिला विवाह अधिकार संरक्षण विधेयक को लटकाने का रवामियाजा भुगतना पडे़गा कांगेस पार्टी को, योगी आदित्यनाथ की भगवाकरण नीति समय की आवश्यकता – हिन्दू महासभा

नई दिल्ली, 05 जनवरी 2018

मुस्लिम महिला विवाह अधिकार संरक्षण विधेयक को लटकाने का रवामियाजा भुगतना पडे़गा कांगेस पार्टी को, योगी आदित्यनाथ की भगवाकरण नीति समय की आवश्यकता – हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने कहा है कि मुस्लिम महिला विवाह अधिकार संरक्षण विधेयक को लटकाने का रवामियाजा भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी को भुगतना पड़ेगा। उन्हांने कहा कि लोकसभा से पारित इस विधेयक को राज्यसभा में लटकाकर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी नें मुस्लिम महिलाओ कें अधिकारों का हनन किया हैं। यह विधेयक मुस्लिम महिलाओ की आजादी के लिये आवश्यक है। परन्तु इसे लटकाकर कांगेस तथा अन्य पार्टियां नें मुस्लिम महिलाआें की आजादी में रोड़ा अटकाने का कार्य किया है। मुस्लिम महिलायें तथा देश की जनता इसकी सजा इन्हें जरूर देगी।
वहीं अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने उŸारप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्भारा प्रदेश का भगवाकरण करने के अभियान का सर्मथन किया है तथा कहा है कि यह समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि भगवा रंग त्याग, बलिदान, शौर्य और राष्ट्रवाद का प्रतीक है। इससे जनसामान्य व आने वाली पीढियों को प्रेरणा मिलेगी। उन्हांने कहा कि योगी आदित्यनाथ का अभियान पूरे देश तक जाकर रूकेगा ,जब देश भगवामय हो जायेगा।

मुन्ना कुमार शर्मा
राष्ट्रीय महासचिव
फोन 9312177979

भीमा कोरेगांव युद्ध की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम के आयोजकों व गुजरात से विधायक जिग्नेष मेवानी एवं राष्ट्रद्रोही उमर खालिद पर कड़ी कार्रवाई करने के संबंध में।

प्रतिष्ठा में,

श्री देवेन्द्र फडनवीस जी,
माननीय मुख्य मंत्री, महाराष्ट्र।

विषय :- भीमा कोरेगांव युद्ध की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम के आयोजकों व गुजरात से विधायक जिग्नेष मेवानी एवं राष्ट्रद्रोही उमर खालिद पर कड़ी कार्रवाई करने के संबंध में।

महोदय,

पुणे के पास स्थित भीमा कोरेगांव युद्ध स्मारक स्थल पर युद्ध की 200 वीं वर्षगांठ मनाने के लिये आयोजित कार्यक्रम सामाजिक विघटन पैदा करने व जातीय हिंसा फैलाने के उद्देष्य से आयोजित की गई थी। आयोजकों व भीड़ को उकसाने वाले पर कड़ी कार्रवाई की जाये। इन लोगों पर राष्ट्रद्रोह का मुकदमा किया जाये, क्योंकि इस आयोजन से एवं जिग्नेष मेवानी, देषद्रोही उमर खलिद सहित वक्ताओं के भड़काऊ तथा जातीय विद्वेष पैदा करने वाले भाषणों से हिंसा भड़क गई थी। ब्रिटिष सेना की जीत पर खुषी मनाने के लिये आयोजित इस कार्यक्रम का पूर्व नियोजित उद्देष्य जातीय हिंसा फैलाना था। जातीय हिंसा फैलाकर राष्ट्रविरोधी शक्तियां व कुछ राजनीतिक दलों के नेता देष को कमजोर करने का प्रयास कर रहे हैं।
01 जनवरी 1818 को ईस्ट इंडिया कंपनी तथा मराठों की सेना में युद्ध हुआ था, जिसमें ब्रिटिष सेना युद्ध नहीं जीत पायी थी। ब्रिटिष अधिकारियों ने षड्यंत्र के तहत इसे जातीय रंग दिया था, जिसे आज के कुछ भारत विरोधी तत्व भड़काने में लगे हैं। जबकि सत्यता है कि मराठा सेना में बड़ी संख्या में दलित जाति के सैनिक विद्यमान थे। कई सेनापति भी दलित थे, ऐसे में इस युद्ध का ब्रिटिष जीत के रूप में मनाना राष्ट्रविरोधी कदम है।
आपसे अनुरोध है कि भीमा कोरेगांव युद्ध की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम के आयोजकों तथा गुजरात से विधायक जिग्नेष मेवानी, देषद्रोही उमर खालिद सहित भड़काऊ भाषण देने वाले सभी वक्ताओं पर मकोका के तहत मुकदमा दर्ज किया जाये तथा सभी दोषियों की तुरन्त गिरफ्तारी की जाये।

सादर,
भवदीय

(चन्द्रप्रकाष कौषिक) राष्ट्रीय अध्यक्ष
(मुन्ना कुमार शर्मा) राष्ट्रीय महासचिव
(वीरेश त्यागी) राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री

भीमा कोरेगांव युद्ध की स्मृति में अयोजित कार्यक्रम के आयोजकों व गुजरात से विधायक जिग्नेष मेवानी पर कड़ी कार्रवाई होः हिन्दू महासभा

नई दिल्ली, 02 जनवरी 2018

भीमा कोरेगांव युद्ध की स्मृति में अयोजित कार्यक्रम के आयोजकों व गुजरात से विधायक जिग्नेष मेवानी पर कड़ी कार्रवाई होः हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष चन्द्रप्रकाष कौषिक एवं राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने पुणे के पास स्थित भीमा कोरेगांव युद्ध स्मारक स्थल पर युद्ध की 200 वीं वर्षगांठ मनाने के लिये आयोजकों की निन्दा की है तथा मांग की है कि आयोजकों व भीड़ को उकसाने वाले पर कड़ी कार्रवाई की जाये। उन्होंने मांग की है कि इन लोगों पर राष्ट्रद्रोह का मुकदमा किया जाये, क्योंकि इस आयोजन से एवं जिग्नेष मेवानी सहित वक्ताओं के भड़काऊ तथा जातीय विद्वेष पैदा करने वाले भाषणों से हिंसा भड़क गई थी। उन्होंने कहा कि ब्रिटिष सेना की जीत पर खुषी मनाने के लिये आयोजित इस कार्यक्रम का पूर्व नियोजित उद्देष्य जातीय हिंसा फैलाना था। जातीय हिंसा फैलाकर राष्ट्रविरोधी शक्तियां व कुछ राजनीतिक दल देष को कमजोर करने का प्रयास कर रहे हैं।

हिन्दू महासभा महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने कहा कि 01 जनवरी 1818 को ईस्ट इंडिया कंपनी तथा मराठों की सेना में युद्ध हुआ था, जिसमें ब्रिटिष सेना युद्ध नहीं जीत पायी थी। ब्रिटिष अधिकारियों ने षड्यंत्र के तहत इसे जातीय रंग दिया था, जिसे आज के कुछ भारत विरोधी तत्व भड़काने में लगे हैं। जबकि सत्यता है कि मराठा सेना में बड़ी संख्या में दलित जाति के सैनिक विद्यमान थे। कई सेनापति भी दलित थे, ऐसे में इस युद्ध का ब्रिटिष जीत के रूप में मनाना राष्ट्रविरोधी कदम है।

मुन्ना कुमार शर्मा
राष्ट्रीय महासचिव
मो. न0-9312177979

मदरसों को प्रतिबंधित करे सरकार, फिल्म पद्मावती में यदि रानी पद्मिनी का चरित्र हनन हुआ तो होगा तीव्र विरोधः हिन्दू महासभा

नईदिल्ली, 30 दिसम्बर 2017

मदरसों को प्रतिबंधित करे सरकार, फिल्म पद्मावती में यदि रानी पद्मिनी का चरित्र हनन हुआ तो होगा तीव्र विरोधः हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने उŸारप्रदेष के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी से उŸारप्रदेष के सभी मदरसों को बंद करने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि मदरसों में लड़कियों का यौन शोषण किया जाता है तथा लड़कों को आंतकवाद की षिक्षा दी जाती है। इसके अलावा मदरसों में कोई तीसरा काम नहीं होता है। सरकार की जिम्मेबारी है कि लड़कियों को यौन शोषण से बचाये। मदरसों में षिक्षा के नाम पर देष तोड़ने तथा लड़कियों की जिंदगी बर्बाद करने का काम होता है। वहां ऐसी कोई भी पढ़ाई नहीं होती है, जिससे बच्चों को कोई रोजगार मिल सके। प्रदेष  सरकार का कर्तव्य है कि मदरसों को बच्चों की जिंदगी बर्बाद करने से रोका जाये। श्री शर्मा ने पत्र लिखकर देष के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मांग की है कि पूरे देष में मदरसों के संचालन पर रोक लगाया जाये। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के सेना प्रमुख ने भी कहा है कि मदरसे आतंकवादी पैदा कर रहे हैं। इसलिये मुस्लिम बच्चों की जिंदगी को  बर्बाद होने से बचाने तथा मुस्लिम युवकों को कट्टरपंथी तथा आंतकवादी बनने से रोकने के लिये मदरसों को तत्काल प्रतिबंधित किया जाये।
अखिल भारत हिन्दू महासभा महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने फिल्म पद्मावती  की सेंसर बोर्ड द्वारा रिलीज की अनुमति देने पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा है कि यदि फिल्म द्वारा रानी पद्मिनी का चरित्रहनन हुआ तो अखिल भारत हिन्दू महासभा इसका तीव्र विरोध करेगी तथा देष में कहीं भी फिल्म को नहीं चलने देगी।

मुन्ना कुमार शर्मा
राष्ट्रीय महासचिव
मो. न0-9312177979

समाजविरोधी विदेशी नववर्ष का त्याग करें, चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के दिन नववर्ष मनायेंः हिन्दू महासभा

नई दिल्ली, 26 दिसम्बर 2017

समाजविरोधी विदेशी नववर्ष का त्याग करें, चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के दिन नववर्ष मनायेंः हिन्दू महासभा

अखिल भारत हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय महासचिव मुन्ना कुमार शर्मा ने देश के हिन्दुओं का आहवान किया है कि 31 दिसम्बर या 01 जनवरी को मनाये जाने वाले विदेशी नववर्ष का बहिष्कार करें तथा चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के दिन भारतीय नववर्ष मनायें। उन्हांने कहा कि अंग्रेजां ने भारतीय संस्कृति का नाष करने के लिये अंग्रेजी नववर्ष को भारतीयों पर थोप दिया, ताकि पष्चिमी सभ्यता का प्रचार-प्रसार हो तथा भारतीय अपनी गौरवषाली परंपरा को भूल जायें। अंग्रेज तो 1947 में चले गये, परन्तु तथाकथित भारतीय अंग्रेजों ने उनकी विरासत को संभाल लिया तथा भारतीय संस्कृति का नाष करने की परंपरा जारी रखी। उन्होंने कहा कि भारतीय युवाओं में मांस, मदिरा, महिलाओं को अपमानित करने व फूहड़पन को बढ़ावा देने के लिये 31 दिसम्बर को नववर्ष मनाने की परंपरा शुरू की गई। 31 दिसम्बर को लोग शराब पीकर नंगानाच करते हैं तथा महिलाओं को अपमानित करते हैं। इसलिये भारतीय इस समाजविरोधी नववर्ष का बहिष्कार करें। राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री वीरेष त्यागी ने कहा है कि चैत्र शुक्ल प्रतिपदा हमारा नववर्ष है। हमें इसी दिन नववर्ष मनाना चाहिए। हिन्दू महासभा नेताओं ने मांग की है कि सरकार चैत्र शुक्ल प्रतिपदा के दिन बड़े पैमाने पर नववर्ष कार्यक्रमों का आयोजन करें, ताकि युवा पीढ़ी को भारतीय संस्कृति का ज्ञान प्राप्त हो सके।

वीरेश त्यागी
राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री