हिमालय की चोटियों के नाम और उनकी जानकारी हाई स्कूल के भूगोल के पाठ्यक्रम में शामिल कराने का अनुरोध ।

प्रतिष्ठा में,
श्री प्रकाश जावड़ेकर जी,
माननीय मानव संसाधन विकास मंत्री, भारत सरकार
शास्त्री भवन, नई दिल्ली-110001

विषय :- हिमालय की चोटियों के नाम और उनकी जानकारी हाई स्कूल के भूगोल के
पाठ्यक्रम में शामिल कराने का अनुरोध ।

महोदय,

‘‘हिमालय का टिप-इन-टाप है तपोवन‘‘ नामक लेख में हिमालय के तपोवन क्षेत्र के विषय में कुछ जानकारी दी गई है । साथ-साथ हिमालय की 15 प्रसिद्ध चोटियों के नाम और उनकी समुद्रतल से ऊँचाई का विवरण भी दिया गया है ।

इस प्रसंग में यह वांछित प्रतीत होता है कि नगाधिराज हिमालय की चोटियों और कुछ तपोवन जैसे स्थलों के बारे में हाई स्कूल के भूगोल के पाठ्यक्रम में जानकारी दी जाए । इस विषय में जो भी अध्याय हो, उसमें सांस्कृतिक दृष्टि से हिमालय का वर्णन रहे और उसमें वहाँ की स्वच्छता के प्रति आदर का भाव भी परोक्ष रूप में रहे । हो सके तो राष्ट्र कवि डॉ. रामधारी सिंह दिनकर जी की ‘मेरे नगपति मेरे विशाल‘ कविता के भी कुछ अंश रहें ।
नेपाल में माउंट एवरेस्ट चोटी का नाम गौरीशंकर होता है, यह भी जाँचना आवश्यक है कि क्या माउंट एवरेस्ट और गौरीशंकर अलग-अलग चोटियाँ हैं अथवा गौरीशंकर चोटी का नाम ही माउंट एवरेस्ट हो गया है ।
वस्तुतः माउंट एवरेस्ट नाम में औपचारिकता है और समादर का भाव नहीं है, इसलिए नाम के सम्बंध में पुनर्विचार आवश्यक है । इस सम्बंध में की गई कार्रवाई की जानकारी भिजवाने का कष्ट करें ।

सादर,
भवदीय

(चन्द्रप्रकाष कौषिक) राष्ट्रीय अध्यक्ष

(मुन्ना कुमार शर्मा) राष्ट्रीय महासचिव